भीषण ठंड के चलते स्कूल-कॉलेज बंद करने की मांग
अजमेर अली ब्यूरो चीफ -INewsUP
गोरखपुर। जिले में लगातार बढ़ रही भीषण ठंड और जानलेवा शीतलहर को देखते हुए शासन-प्रशासन से स्कूल और कॉलेजों को कुछ दिनों के लिए बंद करने की मांग तेज हो गई है। राष्ट्रीय सेवा परिषद एवं डॉक्टर अशोक कुमार श्रीवास्तव फैंस एसोसिएशन के संयोजक मंजीत कुमार श्रीवास्तव बाबू ने इस संबंध में बयान जारी कर बच्चों और युवाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील की है।मंजीत कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि वर्तमान मौसम अत्यंत भयावह होता जा रहा है। पिछले कुछ दिनों से गोरखपुर सहित पूर्वांचल के कई जिलों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। जानलेवा शीतलहर, हाड़ कंपा देने वाली तेज ठंडी हवाएं और लगातार तीन दिनों से ओस की बारिश जैसा माहौल लोगों की सेहत पर प्रतिकूल असर डाल रहा है। ऐसे में छोटे बच्चों, किशोरों और बुजुर्गों के लिए सुबह-सुबह स्कूल और कॉलेज जाना बेहद जोखिम भरा साबित हो सकता है। उन्होंने कहा कि ठंड के इस प्रकोप में बच्चों के बीमार पड़ने की आशंका काफी बढ़ गई है। सर्दी, खांसी, बुखार, निमोनिया और सांस संबंधी बीमारियों का खतरा बना हुआ है। इसके बावजूद यदि शैक्षणिक संस्थान खुले रहते हैं तो किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से इंकार नहीं किया जा सकता। शासन-प्रशासन को चाहिए कि समय रहते एहतियाती कदम उठाए और स्कूल-कॉलेजों को कुछ दिनों के लिए बंद करने का आदेश जारी करे। राष्ट्रीय सेवा परिषद एवं डॉक्टर अशोक कुमार श्रीवास्तव फैंस एसोसिएशन ने प्रशासन से यह भी मांग की कि ठंड से बचाव के लिए सार्वजनिक स्थानों पर अलाव की व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जाए। रैन बसेरों में पर्याप्त सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं तथा गरीब, असहाय और बेसहारा लोगों के लिए कंबल वितरण की व्यवस्था तेज की जाए। उन्होंने कहा कि बच्चों और छात्रों की सुरक्षा के साथ-साथ आम नागरिकों के स्वास्थ्य की रक्षा करना भी शासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।मंजीत कुमार श्रीवास्तव ने प्रशासन से अपील करते हुए कहा कि ठंड के मौजूदा हालात को गंभीरता से लेते हुए तत्काल निर्णय लिया जाए, ताकि किसी प्रकार की अनहोनी से पहले ही स्थिति पर नियंत्रण पाया जा सके। उन्होंने विश्वास जताया कि शासन-प्रशासन जनहित को सर्वोपरि रखते हुए शीघ्र ही इस दिशा में सकारात्मक कदम उठाये जाएं ।
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